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किसानों को इस वर्ष 904 करोड़ रुपये से अधिक का ऋण

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रायपुर : किसानों को इस वर्ष 904 करोड़ रुपये से अधिक का ऋण

 

 

 

 

 

नई सहकारी समितियों में बुनियादी सुविधाएं विकसित करने के निर्देश

सहकारिता मंत्री श्री केदार कश्यप ने जिला सहकारी केंद्रीय बैंक के कामकाज की समीक्षा की

रायपुर, 19 अगस्त 2026

 

सहकारी संस्थाओं को मजबूत करने और किसानों को समय पर ऋण उपलब्ध कराने के लिए प्राथमिक कृषि साख समितियां (PACS) का कंप्यूटरीकरण किया जा रहा है। इससे पारदर्शिता बढ़ती है, ब्याज मुक्त या कम ब्याज पर फसल ऋण समय पर मिलते हैं और किसानों को डिजिटल सेवाएं आसानी से मिलने लगती हैं। वन एवं जलवायु परिवर्तन, परिवहन एवं सहकारिता मंत्री श्री केदार कश्यप ने आज बिलासपुर जिला सहकारी केंद्रीय बैंक के सभाकक्ष में बैठक लेकर जिला सहकारी बैंक के कामकाज एवं किसानों के हित में संचालित योजनाओं की विस्तृत समीक्षा की।

 

*किसानों को समय पर ऋण एवं अन्य सुविधाओं का लाभ उपलब्ध कराएं*

मंत्री श्री केदार कश्यप ने सहकारी संस्थाओं को मजबूत बनाने के साथ किसानों को समय पर ऋण एवं अन्य सुविधाओं का लाभ उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। उन्होंने किसानों के हित में संचालित केंद्र एवं राज्य शासन की योजनाओं का शत प्रतिशत क्रियान्वयन सुनिश्चित करने कहा। बैठक में जिला सहकारी केंद्रीय बैंक के अध्यक्ष श्री रजनीश सिंह, उपाध्यक्ष श्रीमती रजनी साहू, मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री प्रभात मिश्रा, नोडल अधिकारी श्री आशीष दुबे सहित सहकारिता विभाग के अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहे।

*पांच जिलों में नई खुली 47 समितियों में विकसित करें बुनियादी सुविधाएं*

सहकारिता मंत्री श्री कश्यप ने बताया कि पांच जिलों में नई 47 सहकारी समितियां खोली गई हैं, जिनमें अकेले बिलासपुर जिले में 16 समितियां शामिल हैं। उन्होंने इन समितियों में आवश्यक बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध कराने के निर्देश दिए, ताकि संबंधित क्षेत्रों के किसानों को स्थानीय स्तर पर सहकारिता से जुड़ी सेवाओं का बेहतर लाभ मिल सके। उन्होंने कहा कि नई समितियों को प्रभावी ढंग से संचालित करने के लिए आवश्यक संसाधन और सुविधाएं सुनिश्चित की जाएं।

*किसानों को 904 करोड़ रुपये से अधिक का ऋण*

बैठक में बताया गया कि वर्ष 2026 में किसानों को 73,207.17 लाख रुपये का नगद ऋण तथा 17,273.35 लाख रुपये का वस्तु ऋण वितरित किया गया है। इस प्रकार किसानों को 904 करोड़ 80 लाख रुपये से अधिक की ऋण सुविधा उपलब्ध कराई गई है। मंत्री श्री कश्यप ने ऋण वितरण की समीक्षा करते हुए पात्र किसानों को समय पर ऋण उपलब्ध कराने तथा सहकारी बैंक की सेवाओं को और बेहतर बनाने के निर्देश दिए।

*31 अगस्त तक सभी सोसायटियों का कंप्यूटराइजेशन पूरा करें*

बैठक में प्राथमिक कृषि साख सहकारी समितियों (पैक्स) की कार्यप्रणाली की समीक्षा की गई। कुछ समितियों में डेटा एंट्री का कार्य अभी पूर्ण नहीं हुआ है। इस पर मंत्री श्री कश्यप ने 31 अगस्त तक सभी पैक्स में डेटा एंट्री एवं कंप्यूटराइजेशन का कार्य शत-प्रतिशत पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि कार्य में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

*‘सहकार से समृद्धि’ योजना की भी समीक्षा*

मंत्री श्री कश्यप ने ‘सहकार से समृद्धि’ योजना की प्रगति की भी समीक्षा की। उन्होंने सहकारिता के माध्यम से किसानों और ग्रामीण क्षेत्रों में आर्थिक गतिविधियों को बढ़ावा देने तथा योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। साथ ही कॉमन सर्विस सेंटर की स्थिति की समीक्षा करते हुए सभी केंद्रों में आईडी बनाने के निर्देश दिए। बैठक में अन्न भंडारण योजना की भी समीक्षा की गई। योजना का शत-प्रतिशत एवं समयबद्ध क्रियान्वयन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। गोदाम निर्माण कार्यों की समीक्षा करते हुए मंत्री श्री कश्यप ने अधूरे गोदामों की जानकारी ली। उन्होंने हाउसिंग बोर्ड एवं संबंधित अधिकारियों को अधूरे निर्माण कार्य शीघ्र पूरा करने के निर्देश दिए, ताकि इनका उपयोग किसानों और सहकारी समितियों के हित में किया जा सके। मंत्री श्री कश्यप ने किसान क्रेडिट कार्ड की प्रगति की समीक्षा करते हुए व्यापक प्रचार-प्रसार और अभियान चलाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि अधिक से अधिक पात्र किसानों को किसान क्रेडिट कार्ड से जोड़ा जाए, ताकि उन्हें कृषि कार्यों के लिए समय पर ऋण सुविधा मिल सके।

बैठक में ऋण वितरण समितियों की स्थिति, वर्तमान एवं लंबित अल्पकालीन कृषि ऋण, ब्याज अनुदान, माइक्रो एटीएम की उपलब्धता एवं संचालन तथा सीएम हेल्पलाइन से संबंधित प्रकरणों की भी समीक्षा की गई। मंत्री श्री कश्यप ने लंबित प्रकरणों का समयबद्ध निराकरण करने तथा किसानों को सहकारिता विभाग की सेवाओं का लाभ सुगमता से उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।