Home छत्तीसगढ़ बिलासपुर : बाड़ी विकास योजना से समूह की दीदियां हो रही आत्मनिर्भर

बिलासपुर : बाड़ी विकास योजना से समूह की दीदियां हो रही आत्मनिर्भर

All PDF Reader 20260626 00.30.11_page-0004
All PDF Reader 20260626 00.30.11_page-0001
All PDF Reader 20260626 00.30.11_page-0002
All PDF Reader 20260626 00.30.11_page-0003

गोठानों में मिली भूमि पर कर रही हैं खेती 
पारिवारिक खर्चों में निभा रही भागीदारी 

बिल्हा ब्लॉक के सेलर की महिलाएं सुराजी योजना से आत्मनिर्भर हो रही हैं। उन्हें आजीविका का नया जरिया मिल गया है। इन्हीं महिलाओं में जय माता सराई श्रृंगार महिला स्व-सहायता समूह की दीदियां भी शामिल है। बाड़ी विकास का कार्य कर सफलता की नयी सीढ़ियां चढ़ रही है। बाड़ियो में सब्जी लगाकर अपनी आर्थिक गतिविधियों को सुदृढ़ कर अपना जीवन संवारने के साथ ही अपने गांवों की अन्य महिलाओं के लिए भी प्रेरणा स्त्रोत बन गई है। स्व सहायता समूह से जुड़ी दीदी रामिन केंवट और रानी बाई धुरी ने बताया कि वे ग्राम पंचायत सेलर की निवासी है। उनके पास जमीन नहीं है, किन्तु सुराजी योजना प्रारम्भ होने से उन्हें खेती-बाड़ी करने के लिए गोठान में जमीन दी गई है। दीदियों ने गोठान की मिली जमीन पर सब्जी लगाना शुरू किया। दीदियों ने अपनी कड़ी मेहनत से 46 हजार से अधिक राशि का मुनाफा कमाया है। उनको कुल 96 हजार की आमदनी हुई जिसमें सब्जी उत्पादन में जुताई, बीज, दवा-खाद, पानी, बिजली इत्यादि के लिए 50 हजार रुपए व्यय किया। समूह की दीदियों ने बताया कि सब्जी विक्रय से प्राप्त मुनाफा राशि से वे अपने बच्चों को उच्च शिक्षा दिला रही है। इसके साथ ही पारिवारिक खर्चों में भी अपनी भागीदारी निभा रही है। बाड़ी विकास से प्राप्त सफलता से प्रोत्साहित होकर अब वे अच्छे फल वाले पौधे लगाकर अपनी आय बढ़ाने की दिशा में अग्रसर हो रही हैं। उन्होंने ऐसी फायदेमंद योजना शुरू करने के लिए मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल के प्रति आभार जताया है।