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180 की रफ्तार और होटल जैसा आराम, हवाई जहाज छोड़िए अब लग्जरी ट्रेन से करिए बेंगलुरु-टू-मुंबई का सफर

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अगर आप अक्सर बेंगलुरु से मुंबई आते-जाते हैं, तो आपके लिए बड़ी खुशखबरी है. महंगे हवाई टिकट और ट्रेनों के झटकों से अब आपको राहत मिलने वाली है. देश की सबसे आलीशान ‘वंदे भारत स्लीपर ट्रेन’ का नया रैक बेंगलुरु पहुंच चुका है. नारंगी और ग्रे रंग की यह खूबसूरत ट्रेन पूरी तरह तैयार है. बहुत जल्द यह बेंगलुरु से मुंबई के बीच पटरियों पर दौड़ती नजर आएगी. यह देश की दूसरी वंदे भारत स्लीपर ट्रेन होगी. इसे खास तौर पर रात के सफर के लिए बनाया गया है. इससे पहले जनवरी में हावड़ा-कामाख्या वंदे भारत स्लीपर शुरू हुई थी. उस ट्रेन ने यात्रियों का करीब 6 घंटे का समय बचाया था. अब ऐसा ही कुछ बेंगलुरु, पुणे और मुंबई रूट पर होने जा रहा. है. इससे यात्रियों को फ्लाइट जैसा आराम बहुत कम खर्च में मिलेगा.
इस शानदार ट्रेन को बीईएमएल (BEML) ने चेन्नई की इंटीग्रल कोच फैक्ट्री के साथ मिलकर बनाया है. रेलवे अधिकारियों के मुताबिक अभी इस ट्रेन की फाइनल टेस्टिंग चल रही है. इसके लिए ट्रेन को बेंगलुरु के सर एम. विश्वेश्वरैया टर्मिनस पर खड़ा किया गया है. रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने पहले ही कहा था कि यह सर्विस जल्द शुरू होगी. इससे बेंगलुरु, हुब्बल्ली, बेलगावी, पुणे और मुंबई के बीच आना-जाना बहुत आसान हो जाएगा.

रात के सफर को आरामदायक बनाने के लिए इस ट्रेन के अंदरूनी हिस्से को किसी लग्जरी होटल जैसा लुक दिया गया है. यह पूरी तरह वातानुकूलित (AC) ट्रेन है और इसमें 16 कोच हैं. इनमें 11 थर्ड एसी, 4 सेकंड एसी और 1 फर्स्ट एसी कोच शामिल है. ट्रेन में एक साथ 823 यात्री सफर कर सकेंगे. सफर में झटके न लगें, इसके लिए एडवांस सस्पेंशन तकनीक का इस्तेमाल किया गया है. साथ ही ट्रेन के अंदर बाहर का शोर भी सुनाई नहीं देगा.
सुरक्षा के लिए लगा ‘कवच’ सिस्टम
सुरक्षा के मामले में भी यह ट्रेन नंबर वन है. इसमें भारत का अपना ‘कवच’ सेफ्टी सिस्टम लगा है, जो दो ट्रेनों को आपस में टकराने से रोकता है. इमरजेंसी में सीधे ड्राइवर से बात करने के लिए हर कोच में ‘टॉक-बैक’ बटन दिया गया है. फर्स्ट एसी कोच के केबिन में पूरी प्राइवेसी मिलेगी. इसके गद्दे भी बहुत आरामदायक हैं, जिससे यात्रियों को घर जैसी नींद आएगी.

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