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डॉ. खूबचंद बघेल की जन्मस्थली पथरी में बन रहा मॉडल गौठान और चारागाह

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रायपुर। छत्तीसगढ़ के प्रथम स्वप्नदृष्टा, स्वतंत्रता संग्राम सेनानी और कृषकों के कल्याण सहित विभिन्न रचनात्मक कार्यो के लिए समर्पित डॉ. खूबचंद बघेल की जन्मस्थली गौरव ग्राम पथरी में राज्य सरकार की नरवा, गरूवा, घुरूवा और बारी योजना के तहत मॉडल गौठान और चारागाह का निर्माण तेजी से जारी है। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल इसी साल 22 फरवरी को पथरी प्रवास के दौरान यहां मॉडल गौठान निर्माण के निर्देश दिए थे। कलेक्टर डॉ. बसवराजु एस. और जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी डॉ. गौरव कुमार सिंह ने आज यहां जिले के धरसींवा विकासखण्ड के ग्राम पंचायत पथरी और मोहंदी में बनाए जा रहे मॉडल गौठान में पहुंचकर वहां पशुओं के लिए पानी, चारे और छाया आदि व्यवस्थाओं का जायजा लिया। गौठानों में पशुओं के खाने के लिए ग्रामवासी आगे आकर चारा दान भी कर रहे है। गौठानों के संचालन के लिए महिला स्वसहायता समूहों को जोड़ा जा रहा है ताकि वो यहां उत्पन्न होने वाले गौबर खाद और बाड़ी से उत्पन्न सब्जियां सहित अन्य आय मूलक गतिविधियों से अपनी अजीविका का संवर्धन कर आत्मनिर्भर बन सके।

कलेक्टर डॉ. बसवराजु ने कहा कि पशुओं की संख्या के अनुरूप पानी, चारे तथा भू-नाडेप ढांका का निर्माण करने के निर्देश अधिकारियों को दिए। कलेक्टर ने गौठानों में आने वाले सभी पशुओं का स्वास्थ्य परीक्षण और आवश्यक टीकाकरण के लिए पशुधन विकास विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि गौठानों में आमजनों के सहयोग से पैरा की व्यवस्था की जा रही है जो सराहनीय है। गांव में यह सुनिश्चित किया जाए कि कोई भी पैरा का जलाए नही बल्कि उसे यहां गौठान के लिए प्रदान करें। गौरतलब है कि पशुओं के डे-केयर सेंटर के रूप में गौठान बनाए जा रहे है। गौठानों के नजदीक चारागाह बनाए जा रहे ताकि गौठानों में पशुओं को सालभर चारा मिल सके। इसके अलावा फलदार और छायादार पौधों के रोपण के साथ ही बाड़ी भी बनायी जा रही है ताकि इससे जुड़ी समूह की महिलाएं आर्थिक रूप से सुदृढ़ बन सके।

जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी डॉ. गौरव कुमार सिंह ने बताया कि प्रथम चरण में जिले के 97 ग्राम पंचायतों में गौठानों का निर्माण चल रहा है। इसमें 21 ग्राम पंचायतों में मॉडल गौठान बनाए जा रहे है। ग्राम पंचायत पथरी में मुख्यमंत्री जी की घोषणानुरूप 4 एकड़ में मॉडल गौठान और 5 एकड़ में चारागाह बनाया गया है। इसी तरह ग्राम पंचायत मोहंदी में 3 एकड़ में गौठान और 5 एकड़ में चारागाह बनाया गया है। गौठानों में पशुओं के पीने के पानी के लिए ट्यूबवेल और सोलरपंप लगाए जा रहे है। उनके बैठने के स्थान में पारंपरिक तरीके से घासफूस युक्त शेड का निर्माण किया जा रहा है। पशुओं की उपस्थिति के लिए चरवाहो की व्यवस्था की जा रही है। पशुओं के चारे के लिए ग्रामीण बड़े उत्साह से पैरादान कर रहे है। गौबर खाद के लिए वर्मी बैड की व्यवस्था यहां की गई है इसके साथ ही भू-नाडेप टांके भी बनाए जा रहे है।