Home क्षेत्रीय खबरें / अन्य खबरें हाउस वाइफ और 2 साल के बच्चे की मां IAS बन गई,...

हाउस वाइफ और 2 साल के बच्चे की मां IAS बन गई, पढ़िए सफलता का रहस्य

All PDF Reader 20260626 00.30.11_page-0004
All PDF Reader 20260626 00.30.11_page-0001
All PDF Reader 20260626 00.30.11_page-0002
All PDF Reader 20260626 00.30.11_page-0003

जो जूझना नहीं चाहते उनकी जिंदगी में बहाने हजार होते हैं परंतु जो कुछ करने का मन बना लेते हैं वो किसी भी परिस्थिति में टॉप पर पहुंचकर ही दम लेते हैं। पुष्प लता की कहानी ऐसी ही है। उन्होंने 2017 में UPSC सिविल सर्विस एग्जाम में ऑल इंडिया 80वीं रैंक हासिल की थी। आज वो भारतीय प्रशासनिक सेवा की अधिकारी हैं। हम यहां उनके संघर्ष की कहानी ही नहीं बल्कि सफलता का रहस्य भी बताने जा रहे हैं।

दूसरे अटेंप्ट में सिविल सर्विस एग्जाम क्लीयर किया

पुष्प लता की शादी शुदा ज़िंदगी, पति, घर और बच्चे की तीन-तीन जिम्मेदारियों में घिरी थी। बावजूद इसके उन्होंने UPSC सिविल सर्विस एग्जाम को क्रैक करने के अपने ख्वाब को सच कर दिखाया। उन्होंने एक बार फिर इस मिसाल को तजुर्बे में बदल दिया कि कड़ी मेहनत, समर्पण और दृढ़ता के साथ किसी भी लक्ष्य को पाया जा सकता है। फुल टाइम हाउस वाइफ पुष्प लता ने दूसरे अटेंप्ट में सिविल सर्विस एग्जाम क्लीयर किया।

पढ़ाई के साथ परिवार की भी जिम्मेदारी थी

पुष्प लता, स्टेट बैंक ऑफ हैदराबाद में असिस्टेंट मैनेजर थीं उन्होंने 2015 में नौकरी से इस्तीफा दिया और तभी से सिविल सर्विस परीक्षा की तैयारी शुरू कीं मानेसर की पुष्प लता का डेली रूटीन काफी मुश्किल रहता क्योंकि पढ़ाई के साथ-साथ उन्हें अपने 2 साल के बेटे की देखभाल भी करनी होती थी। समय और संसाधन उसके लिए दोनों ही सीमित थे।

कोई कोचिंग नहीं ली, घर पर पढ़ाई की

यूपीएसी की तैयारी करने वाले बाकी कैंडीडेट्स की तरह उन्होंने भी कोचिंग के लिए दिल्ली आने का भी सोचा था, लेकिन परिवार के वित्तीय संकट ने ऐसा करने की अनुमति नहीं दी। उन्होंने एग्जाम की तैयारी खुद की और कोचिंग नहीं ली। तैयारी के दिनों में, उसे बहुत कठिनाइयों का सामना करना पड़ा, लेकिन फिर भी, उसने समय निकाला और एक दिन में 10 से 12 घंटे पढ़ाई की।

पुष्प लता की सफलता का रहस्य

पुष्प लता हमेशा से इस बात में विश्वास करती थी, यदि आत्मविश्वास के साथ कुछ चाहो, तो निश्चित रूप से पाया जाता है। (if you want something with confidence, it is definitely found) तैयारी के लिए उन्होंने सरल रणनीति बनाई। वह हर दिन, हर हफ्ते छोटे लक्ष्य तय करती और उन्हें हासिल करती। इस तरह उसने तैयारी की और देश की सबसे कठिन परीक्षा को क्लीयर किया।