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राजकुमारी रत्ना सिंह आज थामेंगी BJP का दामन, पिता थे इंदिरा-राजीव गांधी के करीबी…

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प्रतापगढ़ लोकसभा सीट से तीन बार की सांसद राजकुमारी रत्ना सिंह आज (मंगलवार) को कांग्रेस का दामन छोड़ देंगी. मंगलवार को गड़वारा में होने वाली सीएम योगी आदित्यनाथ की चुनावी जनसभा में वह बीजेपी में शामिल होंगी. इस दौरान उनके बेटे भुवन्यु सिंह भी मौजूद रहेंगे.

शुरू से ही कांग्रेसी रहा ये राजपरिवार

रत्ना सिंह कालाकांकर राजघराने से हैं. यह राजपरिवार शुरू से ही कांग्रेसी रहा है. रत्ना सिंह पूर्व विदेश मंत्री राजा दिनेश सिंह की बेटी हैं. राजा दिनेश सिंह प्रतापगढ़ से चार बार और उनकी बेटी राजकुमारी रत्ना सिंह तीन बार 1996, 1999 और 2009 में सांसद रह चुकी हैं.

कांग्रेस के संस्थापक सदस्यों में शामिल

इनके परिवार के रामपाल सिंह कांग्रेस के संस्थापक सदस्यों में शामिल रहे हैं. पिता दिनेश सिंह कांग्रेस पार्टी में इंदिरा गांधी और राजीव गांधी के बहुत करीबी लोगों में शामिल थे. इसके चलते नेहरू-गांधी परिवार उनको बहुत महत्व देता था. बिना सांसद रहे भी उनको मंत्री बनाया गया था.

ये रही वजह

रत्ना सिंह स्थानीय नेताओं और सैकड़ों समर्थकों के साथ कांग्रेस छोड़ेंगी. रत्ना सिंह लोकसभा चुनाव में मिली हार के बाद से ही नाराज चल रहीं थीं. प्रियंका गांधी खेमे से ज्यादा महत्व नहीं मिलने से भी वह नाराज थीं. उनकी नाराजगी तब और बढ़ गई जब अजय लल्लू को प्रदेश अध्यक्ष बनाया गया.

विधायक अदिति सिंह के बाद कांग्रेस के लिए ये दूसरा झटका होगा.

रत्ना सिंह का बीजेपी में शामिल होना कांग्रेस के लिए बड़ा झटका होगा. रत्ना सिंह के बीजेपी में शामिल होने को लेकर कुछ समय पहले से लोग सोशल मीडिया पर अटकलें लगा रहे थे.

सूत्रों के मुताबिक बीजेपी में शामिल होने का कार्यक्रम पहले लखनऊ में तय था. लेकिन गड़वारा रैली में शामिल होने से प्रतापगढ़ सदर की विधानसभा सीट पर होने वाले उपचुनाव में बीजेपी के सहयोगी अपना दल के प्रत्याशी को मजबूती मिल सकती है.