Home क्षेत्रीय खबरें / अन्य खबरें राज्यपाल श्री विश्वभूषण हरिचंदन को दी गई भावभीनी विदाई

राज्यपाल श्री विश्वभूषण हरिचंदन को दी गई भावभीनी विदाई

All PDF Reader 20260626 00.30.11_page-0004
All PDF Reader 20260626 00.30.11_page-0001
All PDF Reader 20260626 00.30.11_page-0002
All PDF Reader 20260626 00.30.11_page-0003

राज्यपाल श्री विश्वभूषण हरिचंदन को आज यहां राजभवन परिवार द्वारा भावभीनी विदाई दी गई। इस अवसर पर राज्यपाल श्री विश्वभूषण हरिचंदन ने राजभवन परिवार के समस्त अधिकारियांे एवं कर्मचारियों को संबोधित करते हुए अपने कार्यकाल के विभिन्न पलों को याद किया और राजभवन परिवार के सहयोग के लिए आभार व्यक्त किया। इस अवसर पर राज्यपाल के सचिव श्री यशवंत कुमार, विधिक सलाहकार श्री भीष्म प्रसाद पाण्डेय सहित राजभवन के अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित थे। इस अवसर पर राज्यपाल को राजभवन परिवार की ओर से शाल, श्रीफल और स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया गया।राज्यपाल श्री हरिचंदन ने कहा कि अपने कार्यकाल के दौरान उन्होंने छत्तीसगढ़ के विभिन्न इलाकांे का दौरा किया और यहां लोगों की मेहनत, समर्पण और साहस को नजदीक से देखा। यहां की भूमि न केवल प्राकृतिक सौंदर्य से परिपूर्ण है बल्कि छत्तीसगढ़ के लोग भी अत्यंत सरल, सहज होते हैं। सभी लोगांे ने जो स्नेह और सम्मान दिया है उसे भूलना संभव नहीं है।उन्होंने कहा कि उनके कार्यकाल के दौरान कई महत्वपूर्ण योजनाओं एवं नीतियों को लागू किया गया। उच्च शिक्षा के क्षेत्र में भी गुणवत्तायुक्त, अध्ययन – अध्यापन हो जिससे विद्यार्थियों का भविष्य बेहतर हो सके यह उनकी कोशिश रही। विश्वविद्यालयों में समय पर दीक्षांत समारोह करने के निर्देश दिये। कुलाधिपति के रूप में उन्होंने सदैव विद्यार्थियों को राष्ट्र की सेवा करने एवं गरीब, शोषित व वंचित वर्ग के लिए कार्य करने हेतु प्रेरित किया। सबका अधिकार उनको मिलना चाहिए। राज्यपाल ने कहा कि आम लोगांे के अधिकार की रक्षा के लिए वे हमेशा संघर्ष करते रहे है। जहां भी अन्याय देखा उसके विरूद्ध खड़े हो गये। समाज में व्याप्त अन्याय, शोषण को दूर करना आप सभी का भी कर्त्तव्य है।राज्यपाल ने कहा कि पर्यावरण प्रदूषण आज विश्व की बड़ी समस्या है। इसके लिए हम सभी को जागरूक होना पड़ेगा। पर्यावरण को साफ रखने के लिए सभी को पेड़ लगाना चाहिए। यदि आप ऐसा करते है तो यह पर्यावरण एवं मानवता की बड़ी सेवा होगी।श्री हरिचंदन ने कहा कि वे छत्तीसगढ़ के राज्यपाल के रूप में संवेदनशीलता के साथ कार्य करने के लिए हमेशा प्रयत्नशील रहे। राजभवन के दरवाजे सदैव सभी के लिए खुले रहे। उन्होंने यह हमेशा प्रयास किया कि राजभवन सरकार और जनता के बीच एक मजबूत पूल बन सकें। सबकी सहभागिता और समर्थन से यह संभव हो पाया।इस अवसर पर राज्यपाल के सचिव श्री यशवंत कुमार ने कहा कि श्री हरिचंदन ने अपने ज्ञान व अनुभव से हमारा सतत् मार्गदर्शन किया। उनकी संवेदनशीलता उनके कार्यो से परिलक्षित होती थी। अपनी समस्या लेकर आने वाले लोगों से आत्मीयता से मिलते और समस्या के त्वरित निराकरण के लिए निर्देश देते थे। समस्या के समाधान में कोई दिक्कत आने पर उसका भी निराकरण करते थे। उनकी सक्रियता से हमे भी प्रेरणा मिलती थी। उनके सुदीर्घ और स्वस्थ जीवन के लिए श्री यशवंत कुमार ने शुभकामनाएं दी।इस अवसर पर उपसचिव श्रीमती हिना अनिमेष नेताम ने आभार प्रदर्शन किया। समारोह में राज्यपाल के परिसहाय द्वय श्री सुनील शर्मा, श्री निशांत कुमार एवं राजभवन के सभी अधिकारी-कर्मचारियों उपस्थित थे।