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भाजपा सरकार को खबर तक नहीं, चीन ने चुपचाप मोड़ दी नदी, जानें पूरा मामला

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सियांग (ब्रहमपुत्र) नदी को चीन ने अपने सिनजियांग प्राबिंस में मोड़ने संबंधी खबर के बारे में अरुणाचल प्रदेश सरकार के पास कोई अधिकारिक सूचना नहीं है। ये बातें अरुणाचल प्रदेश के तीन दिवसीय बजट के पहले दिन कांग्रेसी विधायक निनोंग इरिंग के सावालों का जबाव देते हुए राज्य के जल संसाधन मंत्री वांकी लोवांग ने कही। विधायग इरिंग ने सवाल किया था कि ब्रहमपुत्र (सियांग) नदी के पानी को मोड़ने के लिए चीन अपने इलाके में 1000 किमी लंबा एक टनल का निर्माण किया है। इस मामले पर विधायक ने सरकार से पूरी जानकारी मांगी थी।

गौरतलब है कि अरुणाचल प्रदेश सरकार ने विधानसभा में राज्य का बजट पेश किया। राज्य सरकार ने बजट में कृषि और उससे संबद्ध क्षेत्रों पर जोर दिया, जबकि सभी तरह की शराब पर अतिरिक्त शुल्क लगाने का प्रस्ताव किया है। उप मुख्यमंत्री चौना मेन ने राज्य की भाजपा सरकार का 520.98 करोड़ रुपये के घाटे वाला बजट पेश करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विजन के अनुरूप , 2022 तक किसानों की आय दोगुनी करने के लिए कृषि पर जोर दिया गया है। भारत में बनी विदेशी शराब (आईएमएफएल), बीयर और वाइन पर लगने वाले शुल्क की दर को बढ़ाया गया है। लगातार दूसरी बार सत्ता में आने के बाद पेमा खांडू की अगुवाई वाली सरकार का यह पहला बजट है। बजट में मछली और मछली दाना का उत्पादन बढ़ाने के लिए ‘ नीली क्रांति ‘ शुरू करने का प्रस्ताव है। इसके लिए नए कार्यक्रमों ” मुख्यमंत्री नील क्रांति अभियान” की शुरुआत की जाएगी।

इसके तहत विशेष जलीय कृषि के लिए नए तालाब खोदने , पानी में डूबे क्षेत्रों को पुनर्जीवित करने , मौजूदा तालाबों का कायाकल्प करने , मौजूदा हैचरी का नवीनीकरण करने , नर्सरी बनाने और सजावटी मछली पालने के लिए जगह विकसित की जाएगी। वित्त मंत्रालय का भी जिम्मा संभाल रहे मैन ने 2019-20 के बजट अनुमान में कहा कि सरकार को 2018-19 के 13,483 करोड़ रुपये के संशोधित अनुमानों के मुकाबले चालू वित्त वर्ष में 13,406.78 करोड़ रुपये के राजस्व व्यय की उम्मीद है। सरकार ने किसानों के लाभ के लिए बाजार स्थापित करने का प्रस्ताव किया है। यह बाजार ई – नाम (राष्ट्रीय कृषि बाजार) से जुड़ा होगा जिससे कृषकों के उपज की ऑनलाइन बिक्री की जा सकेगी।