Home स्वास्थ टुकड़ों में नींद लेने से शरीर पर पड़ता है विपरीत प्रभाव

टुकड़ों में नींद लेने से शरीर पर पड़ता है विपरीत प्रभाव

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खूब थके हों और झपकी आ जाए तो आप खुद तरोताजा हो जाते हैं। लेकिन ऐसी दशा में पूरी नींद न लेना या लगातार टुकड़ों में सोना सेहत लिए ख़राब है। एक स्टडी की मानें तो बार-बार नींद टूटने से शरीर पर बहुत बुरा असर पड़ता है

वैसे लंबी और चैन की नींद सौभाग्यशाली लोगों को ही मिलती है, सभी के लिए एक बार में 7-8घंटे सोना पॉसिबल नहीं है। नींद की कमी से कई सारी बीमारियां भी होने लगती हैं। जो लोग एक बार में भरपूर नींद नहीं लेते हैं या फिर देर रात तक जगने के बाद सोते हैं उनके मन में अक्सर यह ख्याल आता है कि क्यों न टुकड़ों में नींद को पूरी कर ली जाए।

दिन में सोना खतरनाक

जो लोग दिन में 6 घंटे की नींद लेते हैं, उन्हें रात में सात घंटे रोज नींद लेने वालों की अपेक्षा बीमारी का खतरा चार गुना अधिक रहता है।

याद्दाश्त कमजोर होना

कम नींद लेने का प्रभाव माइंड पर भी पड़ता है और माइंड सही तरीके से काम नहीं करता। इसकी वजह से पढ़ने, सीखने व निर्णय लेने की क्षमता भी कमजोर हो जाती है।

भूख ज्यादा लगना

टुकड़ों में नींद लेने से मेटाबॉलिज्म कमजोर हो जाता है। कम नींद लेने के कारण हॉर्मोन में असंतुलन भी हो जाता है जिससे कारण ज्यादा भूख लगती है। इसके कारण ही अच्छी नींद न लेने वाले लोगों को पेट भरने का आभास लेट से होता है। इसलिए टुकड़ों में नींद लेने के बजाय एक साथ लंबी नींद लेने की कोशिश कीजिये ।