Home जानिए 150 साल पुराना हुआ रानीखेत शहर, जानें इसका इतिहास

150 साल पुराना हुआ रानीखेत शहर, जानें इसका इतिहास

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पर्यटन नगरी की 150वीं वर्षगांठ के उपलक्ष्य में लंबे अर्से बाद रानीखेत महोत्सव (शरदोत्सव) का गुरुवार का भव्य और शानदार आगाज हुआ। महोत्सव का शुभारंभ केआरसी के कमांडेंट ब्रिगेडियर जीएस राठौर ने किया। इस दौरान रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रमों का भी आयोजन किया गया।

महोत्सव के तहत नगर में सांस्कृतिक शोभायात्रा निकाले जाने के बाद अपराह्न सेना के नरसिंह मैदान में सात दिवसीय शरदोत्सव का समारोह पूर्वक शुभारंभ हुआ। मुख्य अतिथि केआरसी के कमांडेंट ब्रिगेडियर जीएस राठौर डीएम नितिन सिंह भदौरिया ने संयुक्त रूप रिबन काटकर व दीप जलाकर महोत्सव का उद्घाटन किया। उन्होंने कहा कि रानीखेत में सांस्कृतिक उत्सवों की समृद्ध परंपरा रही है।

लंबे अर्से बाद शरदोत्सव की परंपरा फिर शुरू होने से लोक संस्कृति के संरक्षण व संवर्धन को बल मिलेगा। पर्यटक नगरी में पर्यटन को बढ़ावा देने की दिशा में भी आयोजन महत्वपूर्ण साबित होगा। स्कूली बच्चों ने स्वागत गीत के बाद रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रमों की मोहक प्रस्तुति दी। इस मौके पर डीईओ डीएन यादव, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक पीएन मीणा, कैंट बोर्ड उपाध्यक्ष मोहन नेगी, व्यापार मंडल अध्यक्ष भगवंत नेगी, संयुक्त मजिस्ट्रेट नरेंद्र भंडारी, विमल सती, डॉ. विपन शाह, कैलाश पांडे आदि मौजूद रहे। उद्घाटन समारोह के पश्चात संस्कार ग्रुप अल्मोड़ा व पवन पहाड़ी की आरे से प्रस्तुति दी गई। रात उत्तराखंडी नाइट में उत्तराखंड के प्रसिद्ध लोक गायक किशन महिपाल व माया उपाध्याय ने मनमोहक प्रस्तुति दी।

सांस्कृतिक रंगारंगों से सराबोर हो उठी पर्यटन नगरी

पर्यटन नगरी गुरुवार को लोक संस्कृति के रंगों से सराबोर हो उठी। रानीखेत महोत्सव के शुभारंभ पर निकली भव्य सांस्कृतिक शोभायात्रा में देव भूमि की समृद्ध लोक संस्कृति व परंपरा जीवंत हो गई। दिलकश लोक प्रस्तुतियों पर दर्शक भी झूमते नजर आए। छोलिया नृत्य की प्रस्तुति ने यात्रा की शोभा बढ़ाई। अपराह्न कुमाऊंनी सहित विभिन्न पारंपरिक परिधानों में सजे-धजे स्कूली बच्चे जीबी पंत पार्क में जुटे, जिसके बाद भव्य सांस्कृतिक शोभायात्रा शुरू हुई। विद्यार्थियों ने लोक गीतों व नृत्य की शानदार प्रस्तुति से कुमाऊं, गढ़वाल की समृद्ध लोक संस्कृति को जीवंत कर दिया। झोड़े-चांचरी की दिलशक प्रस्तुति के साथ प्रचलित लोकगीतों से पर्यटन नगरी कुमाऊंनी रंग में रंग गई। शोभायात्रा में कुमाऊं की प्रसिद्ध हिलजात्रा में लखिया भूत ने भी लोगों को आकर्षित किया। छोलिया टीम ने सरंकार नृत्य की मोहक प्रस्तुति से यात्रा में चारचांद लगाए। सदर बाजार, गांधी चौक होते हुए यात्रा आयोजन स्थल नरसिंह मैदान पहुंची, जहां महोत्सव का विधिवत उद्घाटन हुआ। सांस्कृतिक शोभायात्रा में नगर के तमाम विद्यालयों ने प्रतिभाग किया।

आज बॉलीवुड नाइट में फेमस सिंगर महालक्ष्मी अय्यर देंगी प्रस्तुति

शरदोत्सव में आज शुक्रवार को 12 बजे बेबी शो, दो बजे फैंसी ड्रेस, 3.30 बजे से लोक परिधान प्रतियोगिता के बाद शाम पांच बजे पटियाला ग्रुप द्वारा भांगड़ा की प्रस्तुति दी जाएगी। 6.30 बजे नेहरू सांस्कृतिक कला केंद्र की ओर से कार्यक्रम पेश किए जाने के बाद 7.30 बजे से अखिल भारतीय कवि सम्मेलन होगा। रात बॉलीवुड नाइट में 8.30 बजे से बॉलीवुड की फेमस सिंगर महालक्ष्मी अय्यर दिलकश प्रस्तुति देंगी।

शोभायात्रा में पड़ा खलल

प्रशासन की ओर से आयोजित रानीखेत महोत्सव के शुभारंभ पर गुरुवार को प्रशासन की ही लापरवाही से सांस्कृतिक शोभायात्रा में शामिल स्कूली बच्चों व दर्शकों को दिक्कतों का सामना करना पड़ा। शोभायात्रा के दौरान सदर बाजार में ट्रैफिक पर पूर्ण प्रतिबंध नहीं लगने से सदर बाजार में दोनों ओर दोपहिया वाहन दौड़ते रहे। कार्यक्रमों की प्रस्तुति के बीच दुपहिया चालक बार-बार खलल डालते रहे। इस पर शरदोत्सव समिति के सदस्यों सहित दर्शकों ने कड़ी नाराजगी जताई। व्यापार मंडल अध्यक्ष भगवंत नेगी सहित समिति के हरीश साह, कुलदीप कुमार, सोनू सिद्दीकी आदि ने व्यवस्था पर सवाल उठाए।