Home क्षेत्रीय खबरें / अन्य खबरें महाराष्ट्र – सरकार गठन पर शिवसेना, कांग्रेस एनसीपी में बनी बात…शिवसेना का...

महाराष्ट्र – सरकार गठन पर शिवसेना, कांग्रेस एनसीपी में बनी बात…शिवसेना का होगा सीएम

All PDF Reader 20260626 00.30.11_page-0004
All PDF Reader 20260626 00.30.11_page-0001
All PDF Reader 20260626 00.30.11_page-0002
All PDF Reader 20260626 00.30.11_page-0003
IMG-20240704-WA0019
IMG-20220701-WA0004
WhatsApp-Image-2022-08-01-at-12.15.40-PM
1658178730682
WhatsApp-Image-2024-08-18-at-1.51.50-PM

विधानसभा चुनाव के नतीजों के बाद से ही महाराष्ट्र अपनी नई राज्य सरकार के इंतजार में है। महारष्ट्र में राष्ट्रपति शासन तो लग चुका है लेकिन राजनीतिक हलचल भी बढ़ती जा रही है। भाजपा का साथ छोड़ने वाली शिवसेना अब कांग्रेस और एनसीपी के साथ जाती हुई दिख रही है और तीनों पार्टियों में सरकार गठन के लिए साझा कार्यक्रम पर बात बनती भी दिख रही है।

मीडिया में चल रहीं रिपोर्ट्स के अनुसार, शिवसेना-कांग्रेस और एनसीपी में सरकार गठन को लेकर जो सहमति बनती दिखाई दे रही है, जिसके मुताबिक सीएम पद पूरे पांच साल के लिए शिवसेना के पास रहेगा, वहीं कांग्रेस-एनसीपी के पास एक एक डिप्टी सीएम हो सकता है। बता दें कि गुरुवार को तीनों पार्टियों के नेताओं की संयुक्त बैठक हुई, जिसमें एक न्यूनतम साझा कार्यक्रम का ड्राफ्ट भी तैयार कर लिया गया। इस बैठक के दौरान तीनों पार्टियों में कई मुद्दों को लेकर सहमति बनी। जिनमें महाराष्ट्र में मुस्लिमों को 5 प्रतिशत आरक्षण देना, शिवसेना द्वारा वीर सावरकर को भारत रत्न देने की मांग से पीछे हटने आदि बातें शामिल हैं। ऐसी खबरें आ रही हैं कि तीनों पार्टियों के बीच गुरुवार की बैठक में पदों का बंटवारा भी हो गया है। मीडिया में चल रहीं खबरों के मुताबिक सीएम पद शिवसेना के पास रहेगा, वहीं डिप्टी स्पीकर पद एनसीपी को मिलेगा। विधानसभा अध्यक्ष और राजस्व विभाग कांग्रेस को मिल सकता है।

वहीं केन्द्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने गुरुवार को एक कार्यक्रम के दौरान कहा कि क्रिकेट और राजनीति में कभी भी कुछ भी हो सकता है। एक कार्यक्रम के दौरान बोलते हुए नितिन गडकरी ने कहा कि “क्रिकेट और राजनीति में कुछ भी हो सकता है। कई बार आपको लगता है कि आप मैच हार रहे हैं, लेकिन नतीजा उसके ठीक विपरीत आता है।” बता दें कि महाराष्ट्र में चुनाव के नतीजे आए करीब 20 दिन हो चुके हैं, लेकिन अभी तक राज्य में सरकार के गठन को लेकर कुछ भी साफ नहीं हुआ है। फिलहाल राज्य में राष्ट्रपति शासन लागू है।