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प्रदेश के 21वें जिले में लॉकडाउन, दंतेवाड़ा में 18 अप्रैल से 27 अप्रैल तक सब बंद; निजी अस्पतालों में 50% बेड कोरोना मरीजों के लिए आरक्षित

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रायपुर – छत्तीसगढ़ में बढ़ते कोरोना के चलते दंतेवाड़ा जिले में भी लॉकडाउन लग गया है। यहां 18 अप्रैल सुबह 6 बजे से 27 अप्रैल रात 12 बजे तक सब कुछ बंद रहेगा। यहां 400 से ज्यादा एक्टिव मरीज हैं और हर रोज करीब 50 नए पॉजिटिव मिल रहे हैं। इसके साथ ही यह राज्य 21वां जिला है, जहां लॉकडाउन लगाया गया है। इससे पहले सरकार ने रायपुर, दुर्ग और बिलासपुर में बढ़ते मामले देख यहां निजी अस्पतालों में ऑक्सीजन सुविधा वाले 50% बेड कोरोना मरीजों के आरक्षित कर दिए गए हैं।

छत्तीसगढ़ में 15 दिन पहले मिला कोरोना का नया वैरिएंट ज्यादा खतरनाक साबित हो रहा है। 1 अप्रैल को नए वैरिएंट N-440 की पुष्टि हुई थी। 15 अप्रैल तक राज्य में 1272 लोगों की मौत हो चुकी है। 9 अप्रैल से संक्रमण से जान गंवाने वालों में ऐसे लोग ज्यादा हैं, जिन्हें पहले से कोई बीमारी नहीं थी। राज्य के पूर्व स्वास्थ्य मंत्री भाजपा नेता अमर अग्रवाल और उनकी पत्नी भी कोरोना पॉजिटिव हैं। दोनों को बिलासपुर के निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है।

एक्सपर्ट का कहना है कि नए वैरिएंट में लक्षण से लेकर मौत तक में काफी बदलाव आए हैं। जिन लोगों को डायबिटीज और हाइपरटेंशन जैसी बीमारियां नहीं हैं, उनके लिए भी अब संक्रमण जानलेवा साबित हो रहा है।

संक्रमण रोकने से लिए लॉकडाउन का फैसला लिया गया है, लेकिन इसका खास असर नहीं दिखाई दे रहा है। प्रदेश में गुरुवार को कोरोना के 53 हजार 454 टेस्ट हुए, जिसमें 15 हजार 256 पॉजिटिव मिले। यह अब तक का सबसे बड़ा आंकड़ा है। संक्रमण दर 28.54 हो गई है। राज्य में केसों का आंकड़ा 5 लाख के पार हो गया है।

छत्तीसगढ़ के दुर्ग में 6 अप्रैल और रायपुर में 9 अप्रैल से लॉकडाउन लागू किया गया है। बाकी जिलों में 10, 11 और 12 अप्रैल से लॉकडाउन लगा। लॉकडाउन के बाद भी इस हफ्ते दो बार नए मरीजों की संख्या 15 हजार के पार गई है। गुरुवार से पहले 13 अप्रैल को 15 हजार 121 मरीज मिले थे।

लंबे लॉकडाउन के डर से गांवों की ओर लौटने लगे मजदूर

लंबे लॉकडाउन की आशंका से दिहाड़ी मजदूर और रेहड़ी-पटरी कारोबारी शहरों से अपने गांवों की ओर पलायन कर रहे हैं। जो दूसरे प्रदेशों के रहने वाले हैं, वो अपने राज्यों में लौट रहे हैं। इनमें राजनांदगांव, दुर्ग और रायपुर में मजदूरी करने वालों की तादाद ज्यादा है। दूसरे राज्यों में काम करने गए छत्तीसगढ़ के मजदूरों की वापसी भी तेजी से हो रही है। दिल्ली, सूरत, मुंबई, अहमदाबाद की ओर से आ रही ट्रेनों में काफी भीड़ है।

रायपुर से मुंबई, भुवनेश्वर, हावड़ा, पुरी, सूरत, तिरुनेल्वेली, विशाखापट्टनम और दिल्ली रूट पर आने-जाने वाली 8 जोड़ी स्पेशल ट्रेनें अब जून के अंत तक चलेंगी। अधिकारियों ने बताया कि यात्रियों की लगातार बढ़ रही भीड़ को देखते यह फैसला लिया गया है। पहले इन गाड़ियों को केवल अप्रैल तक चलाने का फैसला हुआ था।

रायपुर-दुर्ग की हालत खराब, दुर्ग में लॉकडाउन बढ़ा

रायपुर और दुर्ग जिलों में संक्रमण सबसे तेज है। रायपुर में गुरुवार को 3 हजार 438 पॉजिटिव मिले हैं। 24 घंटे में राजधानी के 60 लोगों की मौत हुई है। दुर्ग में 1,778 लोग पॉजिटिव आए और 5 लोगों की मौत हुई है। दुर्ग में लॉकडाउन 19 अप्रैल तक के लिए बढ़ा दिया गया है।