Home छत्तीसगढ़ अद्भुत दर्शन ! पवनसूत बाल हनुमान जी ने 200 वर्ष पुराना अपना...

अद्भुत दर्शन ! पवनसूत बाल हनुमान जी ने 200 वर्ष पुराना अपना सिंदुरी चोला छोड़ा

All PDF Reader 20260626 00.30.11_page-0004
All PDF Reader 20260626 00.30.11_page-0001
All PDF Reader 20260626 00.30.11_page-0002
All PDF Reader 20260626 00.30.11_page-0003

दर्शनार्थियों का तांता लगा ! कीर्तन-भजन के साथ श्रद्धालु भक्तों ने चोला का विधि-विधान से किया हसदेव सरिता में विसर्जन ।

काया सिंदुरी रंगी चोला ,जय-जय हनुमंत वीर,अब तक मांगी जिसने मन्नतें ,हर ली उनकी पीर !
राम रसायन तुम्हरे पासा सदा रहो रघुपति के दासा!

सियाराम रामचंद्र जी की जय,पवनसुत हनुमान की जय !

न्यूज़ चांपा ( शशिभूषण सोनी ) । सर्व दुःखों का नाश करने वाले बाल स्वरुप में आज से लगभग 200 पुरानी एक हनुमान जी का प्रसिद्ध हनुमान जी की मूर्ति हनुमान चौक ,कसेर पारा ,चांपा में स्थापित की गई थी । अधूरे पड़े मंदिर का निर्माण कार्य धर्म प्रेमी कृष्णपाल सोनी ने करवाया था।
धार्मिक आस्था रखने वाले शशिभूषण सोनी ने बताया कि यह मंदिर लोगों के लिए आस्था का केंद्र बन गया था और हर मंगलवार और शनिवार को आरती में सैकड़ों श्रद्धालु भक्त उमड़ पड़ते हैं । प्रतिदिन यहां हनुमान जी की मूर्ति की पूजा-अर्चना होते आ रही थी। आज़ सुबह-सुबह हनुमान जी की पूजा हुई और अचानक भारी भरकम चोला हनुमान जी ने स्वयं उतार दी और उतारते किसी की नज़र भी नहीं लगी व टूट-फूट भी नहीं हुई । चोला के अंदर से पुराना सिक्का और चांदी का नयन मिला । एक सिक्का सन 10835 का भी मिला इससे यह जाग्रत होता हैं कि मूर्ति 200 वर्ष प्राचीन हैं । चोला उतरते ही 200 साल पुरानी बाल हनुमान की मूर्ति प्रकट हो गई हैं । बाल हनुमान जी का दर्शन-पूजन करने श्रद्धालु भक्तों का हनुमान चौक ,चांपा में तांता लगा हुआ हैं ।