Home समाचार SBI ग्राहकों को दोहरा झटका, अब लोन लेने पर इतना फीसदी देना...

SBI ग्राहकों को दोहरा झटका, अब लोन लेने पर इतना फीसदी देना होगा प्रोसेसिंग फीस

IMG-20251011-WA0045
IMG-20250614-WA0035
IMG-20250614-WA0034
IMG-20250614-WA0033
IMG-20250614-WA0032
IMG-20250614-WA0030
IMG-20250614-WA0031
IMG-20250614-WA0029
IMG-20250614-WA0028

IMG-20240704-WA0019
IMG-20220701-WA0004
WhatsApp-Image-2022-08-01-at-12.15.40-PM
1658178730682
WhatsApp-Image-2024-08-18-at-1.51.50-PM

 अगर आप भी भारतीय स्टेट बैंक (State Bank of India) से होम लोन लेने की योजना बना रहे हैं तो आपको झटका लग सकता है. दरअसल, SBI ने होम लोन पर अब प्रोसेसिंग फीस वसूलने का फैसला लिया है. बता दें कि कुछ दिन पहले ही SBIने बचत और FD पर ब्याज दरों को कम किया था. ऐसे में इस फेस्टिव सीजन एसबीआई ग्राहकों को दोहरा झटका लग सकता है.

इस तरह के लोन पर भी लगेगा प्रोसेसिंग फीस
बता दें कि केवल होम लोन ही नहीं, बल्कि SBI अब टॉप अप प्लान्स, कॉरपोरेट और बिल्डर्स तक को​ दिए जाने वाले लोन पर प्रोसेसिंग फीस वसूलेगा. एसबीआई की तरफ से यह फैसला एक ऐसे समय पर आया है जब रिजर्व बैंक (Reserve Bank of India) द्वारा नीतिगत ब्याज दरों में कटौती के बाद सभी बैंक ब्याज दरें कम कर रहे हैं.

एसबीआई ने एक इंटर्नल सर्कुलर में कहा है, ’31 दिसंबर से पहले फेस्टिव सीजन के दौरान प्रोसेसिंग फीस में छूट देने का फैसला वापस लिया जाता है.’ फेस्टिव सीजन में प्रोसेसिंग फीस को माफ करने का ऑफर 16 अक्तूबर से समाप्त हो जाएगा।

रेपो रेट से लेंडिंग रेट लिंक कर चुका है एसबीआई

टाइम्स ऑफ इंडिया की ​एक रिपोर्ट में सूत्रों के हवाले से लिखा गया है कि 1 जुलाई 2019 को एसबीआई ने अपना लेंडिंग रेट रेपो रेट से लिंक किया था. इसके पहले एसबीआई मार्केट में सबसे कम रेट ऑफर कर रहा था. ऐसे में रेपो रेट से लिंक करने के बाद रेट में बड़ी कमी देखने को मिली.

गौरतलब है कि 11 जुलाई को एसबीआई ने एक खास सॉफ्टेवयर को लॉन्च किया था, जिसमें होम लोन पर ब्याज दरें ऑटोमेटिक तरीके से बदलने वाले रेट से तालमेल बिठा सके. हालांकि, एक माह बाद ही इसे वापस ले लिया गया.

कितना देना होगा प्रोसेसिंग फीस
एसबीआई के इस यू-टर्न को लेकर कहा गया कि आंतरिक बहस में इस बात का जिक्र किया गया कि कम लोन रेट की भरपाई करने के लिए अन्य चार्जेज को लगाया जाना चाहिए. इसके बाद 1 अक्टूबर को एसबीआई ने एक बार फिर इस सॉफ्टवेयर को लागू किया. बैंक ने कहा है कि लोन लेने वाले ग्राहकों से 0.4 फीसदी प्रोसेसिंग फीस वसूली जाएगी. यह शुल्क 10 हजार रुपये से लेकर 30 हजार रुपये होगा. बिल्डर को पांच हजार रुपये का फ्लैट चार्ज देना होगा.