Home स्वास्थ चीनी, नमक, फ्राइड फूड ज्यादा खाने से हो सकता है लकवा

चीनी, नमक, फ्राइड फूड ज्यादा खाने से हो सकता है लकवा

All PDF Reader 20260626 00.30.11_page-0004
All PDF Reader 20260626 00.30.11_page-0001
All PDF Reader 20260626 00.30.11_page-0002
All PDF Reader 20260626 00.30.11_page-0003

 लकवा एक ऐसी बीमारी है जिसमें मरीज का मुंह तिरछा हो जाता है, हाथ-पैर बेजान हो जाते हैं, जुबान लड़खड़ाने लगती है या आवाज पूरी तरह से चली जाती है. हालां‎कि ऐसा होने पर अगर समय रहते इलाज न मिले तो परिणाम जानलेवा हो सकते हैं. स्ट्रोक एक इमर्जेंसी कंडिशन है. बताया जाता है ‎कि अगर स्ट्रोक को शुरुआत में ही पहचान कर इलाज दे दिया जाए तो इससे प्रभावित लोग सामान्य जीवन जी सकते हैं क्योंकि इसका इलाज ‎किया जा सकता है.

हालांकि स्ट्रोक के लक्षणों को पहचानकर तुरंत हॉस्पिटल ले जाना बेहद जरूरी है. बताया जाता है ‎कि लक्षण दिखने के शुरुआती साढ़े चार घंटे के अंदर अगर इलाज शुरू हो जाए तो बड़े नुकसान से बचा जा सकता है. जितनी जल्दी क्लॉट खत्म करने की दवा दे दी जाएगी उतना ही बेहतर परिणाम मिलेगा. इसमें कभी-कभी ब्रेन अटैक भी आते हैं, हालां‎कि ये तब होता है जब दिमाग तक ब्लड पहुंचने में रुकावट आ जाती है. ऐसा होने पर दिमाग की कोशिकाएं मरने लगती हैं क्योंकि उन्हें काम करने के लिए जो ऑक्सिजन और पोषण मिलना चाहिए, वो नहीं मिल पाता. इस पर डॉक्टरों बताते है ‎कि हार्ट अटैक के लक्षणों की तरह ब्रेन स्ट्रोक के लक्षण नहीं होते बल्कि यह आपके ब्रेन के किस हिस्से को प्रभावित कर रहा है इस पर निर्भर करते हैं. यह, शरीर के किसी बॉडी फंक्शन का अचानक काम करना बंद कर देने से जुड़ा है.

हालां‎कि ऐसे में सबसे आसान और जरूरी नियम है कि आप त्वरिक कार्रवाई करें- बॉडी बैलेंस, आंखें, चेहरा, हाथ, बोलने का तरीका इन सबको लेकर अगर जरा भी दिक्कत महसूस हो तो तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें. बताया जाता है ‎कि हर 1 मिनट में 3 भारतीय यानी हर 20 सेकंड में 1 भारतीय ब्रेन स्ट्रोक का शिकार हो रहे हैं और यह आंकड़ा तेजी से बढ़ रहा है. इस दर से हर साल 15 लाख भारतीय ब्रेन स्ट्रोक का शिकार हो रहे हैं और ‎जिनमें से 90 फीसदी मरीज समय पर अस्पताल नहीं पहुंच पाते. 55 साल की उम्र के बाद हर 6 में से 1 पुरुष और हर 5 में से 1 महिला को ब्रेन स्ट्रोक होने का खतरा कई गुना बढ़ जाता है.

‎जिसमें 3 कंडिशन होती है- या तो आपकी मौत हो सकती है, या फिर आप रिकवर होकर सामान्य जीवन जी सकते हैं या फिर जीवन भर के लिए दूसरों पर निर्भर हो सकते हैं. अगर आप डायबीटीज के मरीज हैं, कलेस्ट्रॉल बढ़ा हुआ है, हाइपरटेंशन यानी हाई ब्लड प्रेशर के मरीज हैं और मोटापे के ग्रसित हैं तो ये सारी दिक्कतें सिर्फ हार्ट डिजीज की ओर इशारा नहीं करतीं बल्कि स्ट्रोक यानी लकवे का भी सबसे बड़ा कारण हो सकती है. रिफाइंड ऑइल, चीनी, नमक और फ्राइड फूड ज्यादा मात्रा में खाने वाले लोगों को भी स्ट्रोक का खतरा अधिक रहता है.