Home जानिए सौरव गांगुली ने लिया ‘क्रांतिकारी’ फैसला, IPL मैचों में होंगे 5 अंपायर!

सौरव गांगुली ने लिया ‘क्रांतिकारी’ फैसला, IPL मैचों में होंगे 5 अंपायर!

All PDF Reader 20260626 00.30.11_page-0004
All PDF Reader 20260626 00.30.11_page-0001
All PDF Reader 20260626 00.30.11_page-0002
All PDF Reader 20260626 00.30.11_page-0003
IMG-20240704-WA0019
IMG-20220701-WA0004
WhatsApp-Image-2022-08-01-at-12.15.40-PM
1658178730682
WhatsApp-Image-2024-08-18-at-1.51.50-PM

अंपायर की एक चूक… और एक टीम की हार और दूसरी की जीत तय. आईपीएल के पिछले सीजन में कुछ ऐसा ही देखने को मिला था. टूर्नामेंट के दौरान मैदान में खड़े अंपायरों ने कई मौकों पर नो बॉल मिस की और जिसका खामियाज़ा एक टीम को हार से चुकाना पड़ा. अंपायरों की इस गलती की वजह से खासा बवाल हुआ, लेकिन अब बीसीसीआई के अध्यक्ष सौरव गांगुली (Sourav Ganguly) ने इस गलती को रोकने के लिए मन बना लिया है. 

नो बॉल देने के लिए स्पेशल अंपायर
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक जल्द ही आईपीएल में नो बॉल (IPL No Ball) के लिए एक स्पेशल अंपायर नियुक्त किया जा सकता है. मुंबई में हुई गवर्निंग काउंसिल की बैठक में नो बॉल के मुद्दे पर चर्चा हुई और जिसके बाद सौरव गांगुली ने इसके मद्देनजर एक अहम फैसला लिया. रिपोर्ट के मुताबिक सौरव गांगुली ने एजीएम के दौरान फैसला लिया कि फ्रंट फुट नो बॉल पर लगातार थर्ड अंपायर नजर रखेगा. बीसीसीआई ने ये भी फैसला किया है कि जल्द ही आईपीएल में सिर्फ नो बॉल पर नजर रखने के लिए एक और अंपायर तैनात किया जाएगा.

आईपीएल मैचों में होंगे 5 अंपायर!
आईपीएल (IPL) गवर्निंग काउंसिल के एक सीनियर मेंबर ने जानकारी दी कि अगर सबकुछ सही रहा तो आईपीएल के अगले सीजन से नो बॉल पर नजर रखने के लिए स्पेशल अंपायर तैनात हो सकता है. ये अंपायर चार अंपायरों से अलग होगा, जिसका काम सिर्फ और सिर्फ फ्रंटफुट नो बॉल पर नजर रखना होगा. आईपीएल में इस तरह के फैसले को लागू करने के लिए बीसीसीआई ने इसका परीक्षण भी किया है. खबरों की मानें तो भारत-बांग्लादेश के बीच हुए डे-नाइट टेस्ट के दौरान एक अंपायर को सिर्फ नो बॉल पर नजर रखने के लिए तैनात भी किया गया था. सौरव गांगुली का ये परीक्षण कामयाब भी रहा. शायद इसीलिए अब वो इसे आईपीएल में लागू करने के लिए तैयार दिख रहे हैं.

बता दें आईपीएल के पिछले सीजन में मुंबई और रॉयल चैलेंजर्स बैंगलोर और मुंबई और चेन्नई के मैच के दौरान अंपायरों से बड़ी चूक हुई थी. दोनों ही मुकाबलों में अंपायरों ने फ्रंट फुट नो बॉल नहीं दी थी जिसका खामियाजा बैंगलोर और चेन्नई को भुगतना पड़ा था.