Home छत्तीसगढ़ मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल 20 अगस्त को राज्य के किसानों, पशुपालकों, गौठान...

मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल 20 अगस्त को राज्य के किसानों, पशुपालकों, गौठान समितियों और समूहों को ऑनलाइन जारी करेंगे 1750 करोड़ रूपए 

All PDF Reader 20260626 00.30.11_page-0004
All PDF Reader 20260626 00.30.11_page-0001
All PDF Reader 20260626 00.30.11_page-0002
All PDF Reader 20260626 00.30.11_page-0003
IMG-20240704-WA0019
IMG-20220701-WA0004
WhatsApp-Image-2022-08-01-at-12.15.40-PM
1658178730682
WhatsApp-Image-2024-08-18-at-1.51.50-PM

राजीव गांधी किसान न्याय योजना के तहत किसानों को हो चुका है 12,920 करोड़ रूपए का भुगतान 

गोधन न्याय योजना के तहत हितग्राहियों को दिए जा चुके हैं 330 करोड़ रूपए 

मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल 20 अगस्त शनिवार को पूर्व प्रधानमंत्री भारत रत्न स्वर्गीय श्री राजीव गांधी जी की जयंती के अवसर पर राज्य के किसानों, पशुपालक ग्रामीणों, गौठान समितियों और महिला स्व-सहायता समूहों को 1750 करोड़ 24 लाख रूपए की राशि उनके बैंक खाते में ऑनलाइन जारी करेंगे। यह राशि छत्तीसगढ़ सरकार की राजीव गांधी किसान न्याय योजना और गोधन न्याय योजना के तहत दी जाएगी। मुख्यमंत्री निवास कार्यालय में आयोजित कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल वर्चुअल रूप से राज्य के जनप्रतिनिधियों, किसानों, गौपालकों एवं समूहों की महिलाओं से चर्चा करेंगे। 

     गौरतलब है कि राजीव गांधी किसान न्याय योजना के तहत 20 अगस्त को राज्य के 26 लाख 21 हजार किसानों को इस साल की इनपुट सब्सिडी की दूसरी किस्त के रूप 1745 करोड़ रूपए की राशि उनके बैंक खातों में ट्रांसफर की जाएगी। इससे पूर्व 21 मई 2022 को राज्य के किसानों को इस योजना की प्रथम किस्त के रूप में 1745 रूपए का भुगतान किया गया था। राजीव गांधी किसान न्याय योजना छत्तीसगढ़ खरीफ वर्ष 2019 से लागू की गई है। इस योजना के तहत अब तक किसानों को 12 हजार 920 करोड़ रूपए की इनपुट सब्सिडी दी जा चुकी है। 20 अगस्त को द्वितीय किस्त के भुगतान के बाद यह राशि बढ़कर 14 हजार 665 करोड़ हो जाएगी। उल्लेखनीय है कि खरीफ 2019 में 18.43 लाख किसानों को 4 किस्तों में इनपुट सब्सिडी के रूप में 5627 करोड़ रूपए, खरीफ वर्ष 2020 के 20.59 लाख किसानों को 5553 करोड़ रूपए की इनपुट सब्सिडी दी जा चुकी है। इस योजना के तहत किसानों को इनपुट सब्सिडी की यह राशि राज्य में फसल उत्पादकता एवं फसल विविधीकरण को बढ़ावा देने तथा काश्त लागत को कम करने के उद्देश्य से दी जा रही है। 

    मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल 20 अगस्त को ही गोधन न्याय योजना के तहत पशुपालक ग्रामीणों, गौठान समितियों और महिला स्व-सहायता समूहों को 5 करोड़ 24 लाख रूपए की राशि जारी करेंगे। गोधन न्याय योजना के तहत बीते दो सालों में गोबर विक्रेताओं, गौठान समितियों और महिला समूहों को 330 करोड़ रूपए का भुगतान किया जा चुका है। 20 अगस्त को इस योजना की 50वीं किस्त की राशि 5.24 करोड़ रूपए के भुगतान के बाद यह आंकड़ा बढ़कर 335 करोड़ 24 लाख रूपए हो जाएगा। यहां यह उल्लेखनीय है कि गोधन न्याय योजना के तहत गौठानों में दो रूपए किलो में गोबर की खरीदी की शुरूआत 20 जुलाई 2020 से हरेली पर्व से की जा रही है। गौठानों में 15 अगस्त 2022 तक 79.12 लाख क्विंटल गोबर की खरीदी की गई है। राज्य में 8408 गौठान निर्मित और संचालित हैं, जहां 2 लाख 52 हजार से अधिक पशुपालक ग्रामीण गोबर बेच कर सीधे लाभान्वित हो रहे हैं, इसमें 1 लाख 43 हजार से अधिक भूमिहीन शामिल हैं।