Home छत्तीसगढ़ सार्वजनिक संपत्ति विरूपण अधिनियम का उल्लंघन

सार्वजनिक संपत्ति विरूपण अधिनियम का उल्लंघन

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सारंगढ़ – जिले में लोकसभा चुनाव अपने पूरे शवाब पर है । पार्टी कार्यकर्ता चुनावी प्रचार में भारी मशगूल हैं । वही इस चुनावी दौड़ में जिला प्रशासन खामोश बैठा हुआ हैं । चुनाव प्रेक्षक आ रहे हैं और वापस चले जा रहे हैं,लेकिन किसी जा इस ओर ध्यान नही। जिला निर्वाचन अधिकारी सिर्फ मतदान प्रतिशत बढ़ाने और मतदाता जागरूकता में व्यस्त दिखाई दे रहे हैं , उप जिला निर्वाचन अधिकारी , सहायक जिला निर्वाचन अधिकारी के नाक के नीचे संपत्ति विरूपण अधिनियम का खुले आम उल्लंघन हो रहा बावजूद अधिकारी चुनाव तैयारी में व्यस्त हैं । मजे की बात रायगढ़ रोड गणेश राईस मील के सामने शासकीय बिजली खंभे से लगा यह आदमकद कट-आउट जो कांग्रेस प्रत्याशी डॉ मेनका देवी सिंह का है , वही सरसींवा रोड गढ़ चौक के पास पीडब्ल्यूडी के वृक्ष पर लगा यह कटआउट भी कांग्रेस प्रत्याशी डॉ मेनका देवी सिंह का है दोनों कट आउट संपत्ति विरूपण अधिनियम का खुले आम उल्लंघन है ।
विदित हो कि – निर्वाचन आयोग के द्वारा संपत्ति के विरूपण के लिए शास्ति कोई भी जो संपत्ति के स्वामी की लिखित अनुज्ञा के बिना सार्वजनिक दृष्टि से आने वाली किसी संपत्ति को स्याही खड़िया, रंग या किसी अन्य पदार्थ से लिखकर या चिन्हित करके उसे विरुपित करेगा वह जुर्माने से जो ₹1000 तक का हो सकेगा दण्डनीय होगा । सार्वजनिक संपत्ति नुकसान निवारण कानूनी 1984 के मुताबिक अगर कोई व्यक्ति सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान पहुंचता है तो उसे 5 साल तक की सजा या जुर्माना या फिर दोनों हो सकते हैं,सार्वजनिक संपत्ति के रूप में ऐसे भवन या संपत्ति को माना गया है जिसका उपयोग जल, प्रकाश या ऊर्जा उत्पादन या वितरण में किया जाता है । इस अधिनियम का खुलेआम उलघंन पर जिला निर्वाचन अधिकारी को संज्ञान लेने की जरूरत है।