Home छत्तीसगढ़ लोकमाता पुण्य श्लोक अहिल्यादेवी होलकर त्रीशताब्दी जन्मोत्सव की समिति गठन बैठक संपन्न

लोकमाता पुण्य श्लोक अहिल्यादेवी होलकर त्रीशताब्दी जन्मोत्सव की समिति गठन बैठक संपन्न

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मुंगेली

लोकमाता अहिल्यादेवी होलकर की जन्म त्रीशताब्दी वर्ष को भव्य रूप से मनाने और उनकी अद्वितीय कहानी को जन-जन तक पहुंचाने हेतु सरस्वती शिशु मंदिर पेंडरकापा, मुंगेली में जिला स्तरीय समिति की गठन बैठक आयोजित की गई। बैठक में लोकमाता अहिल्याबाई होलकर के जीवन के विभिन्न पहलुओं पर चर्चा की गई और उनकी प्रेरणादायक गाथाओं को समाज तक पहुंचाने के लिए चार प्रमुख आयामों में कार्य करने की रूपरेखा तैयार की गई।बैठक की शुरुआत में शैलेंद्र राठौर ने अहिल्याबाई होलकर की वीरता और धर्मनिष्ठा की कहानी का वाचन किया। उन्होंने बताया कि लोकमाता अहिल्याबाई होलकर ने देशभर में धर्म और तीर्थ स्थलों पर मंदिरों, घाटों और नहरों का पुनर्निर्माण किया, जिससे उन्हें ‘पुण्य श्लोक’ की उपाधि से सम्मानित किया गया। इसके बाद कस्तूरबा हायर सेकेंडरी स्कूल, मुंगेली के छात्रों ने अहिल्याबाई की जीवनी पर आधारित नाट्य मंचन प्रस्तुत किया, जिसे सभी ने सराहा।इसके पश्चात अखिल भारतीय कवि देवेंद्र परिहार ने अपनी कविता के माध्यम से अहिल्यादेवी के जीवन और उनकी महानता को उजागर किया। उन्होंने कहा, “लोकमाता अहिल्याबाई होलकर भारतीय महारानियों में सबसे वीर, कुशल प्रशासक, न्यायप्रिय और कल्याणकारी शासिका थीं, लेकिन उनके अद्वितीय कार्यों को इतिहास में वह स्थान नहीं मिल सका जो उन्हें मिलना चाहिए था। हमें उनके योगदान को नई पीढ़ी तक पहुंचाना चाहिए।”आकाश परिहार ने बैठक की भूमिका रखते हुए कहा, “अंग्रेजों ने भारतीय महापुरुषों के चरित्र को चालाकी से कमतर दिखाया और विदेशी आक्रांताओं को महिमामंडित किया। अब यह हमारा कर्तव्य है कि हम अपने महापुरुषों की कहानियों को स्वयं जन-जन तक पहुंचाएं।” उनके इस वक्तव्य से सभी उपस्थित सदस्य सहमत हुए और इसे पूरे उत्साह के साथ समर्थन मिला।रमेश कुलमित्र ने अपने उद्बोधन में कहा, “हम लोकमाता अहिल्याबाई होलकर की प्रेरणादायक कहानी को मुंगेली के जनजातियों तक भी पहुंचाने का संकल्प लेते हैं, ताकि उनका जीवन सभी के लिए प्रेरणा का स्रोत बने।”बैठक के समापन पर त्रीशताब्दी समारोह को सफलतापूर्वक आयोजित करने के लिए एक कार्यकारिणी समिति का गठन किया गया। साथ ही, चार प्रमुख आयामों के अंतर्गत कार्य करने की योजना बनाई गई।कार्यकारिणी समिति के पदाधिकारी संरक्षक श्रीकांत गोवर्धन,भैयालाल सिंह परिहार, शिवकुमार बंजारा, शैलेंद्र तिवारी, दिनेश सोनी संयोजक आकाश परिहार, सहसंयोजक संदीप ताम्रकार, अध्यक्ष रमेश कुलमित्र, उपाध्यक्ष शैलेंद्र राठौर, सचिव देवेंद्र परिहार, प्रचार सचिव/मीडिया प्रभारी रामपाल सिंह, सहसचिव:रामेश्वर साहू एवं गोकरण डिंडोले, कोषाध्यक्ष: ब्रह्मदत्त त्रिपाठी चार प्रमुख आयाम एवं उनके लिए चयनित सदस्य – युवा आयाम मोहन उपाध्याय, मोनू बेलदार, पवन कश्यप ,संजय जायसवाल, ताम्रध्वज साहू,शम्भू साहू, प्रमोद यादव, विकास पात्रे, संदीप बर्मन, मातृशक्ति आयाम कीर्ति सिंह परिहार, विनिया सिंह, प्रीती सिंह, कन्या सिंह, मंदिर आयाम पूहूप साहू, राजेश सिंह ,ज्योतिष शर्मा समाज प्रमुख आयाम दिलिप रजक, दिनेश निर्मलकर इसके अलावा विभिन्न विकासखंडों में कार्यक्रम के संचालन हेतु जिम्मेदारियों का निर्धारण किया गया मुंगेली खंड अध्यक्ष अत्रि प्रताप सिंह, रघुनाथ सिंह ठाकुर पथरिया विकासखंड सर्वेश त्रिपाठी, लोरमी विकासखंड सत्यनारायण तिवारी ,पवन तिवारी बैठक का समापन सभी सदस्यों के सहयोग और समर्पण से लोकमाता अहिल्यादेवी होलकर के जन्मोत्सव को भव्य रूप से आयोजित करने के संकल्प के साथ किया गया। यह आयोजन जिला प्रशासन और समाज के समन्वय से मुंगेली जिले के गौरव को बढ़ाएगा और अहिल्यादेवी की कहानी को नई पीढ़ी तक पहुंचाएगा।